स्वदेश प्रेम / शान मोहम्मद सिद्दीकी
दिनांक: 05 अप्रैल 2026, रविवार
नई दिल्ली। द्वारका जिला पुलिस ने एक बार फिर अपनी मुस्तैदी और जनसेवा की भावना का परिचय देते हुए महिला वकील का खोया हुआ मोबाइल फोन महज कुछ घंटों में बरामद कर लिया। इस सराहनीय कार्य से पीड़िता के चेहरे पर मुस्कान लौट आई और पुलिस के प्रति भरोसा और मजबूत हुआ।
पुलिस के अनुसार, गुरुग्राम, हरियाणा निवासी एक महिला वकील का मोबाइल फोन 1 अप्रैल 2026 को द्वारका कोर्ट के मेडिएशन सेंटर में किसी मामले की सुनवाई के दौरान गुम हो गया था। इस संबंध में 2 अप्रैल को शिकायत मिलने पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की।
तत्काल कार्रवाई, तकनीक और टीमवर्क से सफलता
द्वारका कोर्ट पुलिस पोस्ट की टीम ने शिकायत मिलते ही तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय जांच शुरू कर दी। साथ ही कोर्ट परिसर में व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया गया और सीसीटीवी फुटेज की घंटों तक जांच की गई।
टीम के अथक प्रयासों के चलते मोबाइल फोन को कम समय में ट्रेस कर बरामद कर लिया गया।
टीम की सक्रियता लाई रंग
इस पूरी कार्रवाई को एसआई रजत मलिक (चौकी इंचार्ज, सेक्टर-10 द्वारका) के नेतृत्व में महिला हेड कांस्टेबल संजू, हेड कांस्टेबल नरेश मीणा की टीम ने अंजाम दिया। यह कार्रवाई थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेश कुमार साह और एसीपी किशोर कुमार रेवाला की निगरानी में की गई।
शिकायतकर्ता ने जताया आभार
बरामद मोबाइल फोन को विधिवत महिला वकील को सौंप दिया गया, जिन्होंने पुलिस की त्वरित और प्रभावी कार्रवाई के लिए आभार व्यक्त किया।
“Service Before Self” का उदाहरण
द्वारका पुलिस का यह प्रयास “Service Before Self” के सिद्धांत को दर्शाता है, जहां पुलिस और वकीलों के बीच बेहतर तालमेल देखने को मिला। इस तरह की पहलें न केवल पुलिस की कार्यशैली को दर्शाती हैं, बल्कि आम जनता के बीच विश्वास को भी मजबूत करती हैं।
